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मौसी और अकटारा को चोदा – देसी कहानी

पागल पति के इलाज के लिए आये माल की चूत बजाई


ये तब की बात हे जब में रांची में पोस्टेड था. मैं वहां एक रूम लेकर रहता था. उस मकान में केवल २ कमरे थे जिसमे से एक में मालिक का सामन रहता था और एक में मैं रहता था. जैसा की आप लोगो को पता है की रांची में मेन्टल हॉस्पिटल भी हे. तो हमारे दूर के रिश्ते की भांजी की ननद के हस्बैंड को कोई प्रॉब्लम हो गई और उनको वह एडमिट करना था. और उसकी ननद को रांची में ही रहना था तो डिसाइड हुआ की वो मेरे यहाँ रहेगी.

मेरे पास ऐसी कोई प्रॉब्लम नहीं थी. उसका नाम निशा था. उम्र लगभग ३० की होगी और फिगर ३८-३०-३८ का जो मुझे बाद में पता चला. उसके हस्बैंड लगभग २ साल से बीमार थे. वो हॉस्पिटल में मंडे को आ गई और उनके पति को एडमिट करवा लिया. पूरा दिन वो वही रही और शाम को में अपने ऑफिस से आते वक़्त उन्हें घर ले आया.

उस दिन का खाना वो घर से ही लाइ थी. मेरे पास २ फोल्डिंग बेड थे क्युकी घर से कोई न कोई मेरे पास आता रहता था. मैंने जगह कम होने के कारन फोल्डिंग एक साइड से मिले हुए बिछाये एल शेप में. रात में खाना खा कर हम लोग सो गए.

रात में मेरी जब आँख खुली तो देखा के मेरा हाथ उसके पलंग पर उसके बूब्स के पास था. वो साडी पहने हुई थी. अब रात में अचानक मेरा उसे देखने का अंदाज बदल गया. मुझे भी सेक्स किये बहुत दिन हो गए थे. तो मैंने ट्राय करने का सोचा.

मैंने धीरे से हाथ आगे बढ़ाया और उसके बूब्स पर रख दिया. डर के कारन मेरी गांड फट रही थी. थोड़ी देर ऐसे ही हाथ लगाए हुए में सो गया.

अगले दिन तैयार होकर ९ बजे उसको हॉस्पिटल छोड़ते हुए में ऑफिस निकल गया. शाम को हॉस्पिटल से उसे लेते हुए आया. आकर हम लोग नहाये और फिर उसने रात का खाना बनाया और खाकर १० बजे सो गए.

रात में फिर मेरी नींद खुली तो उसको देखकर कण्ट्रोल नहीं हुआ और मैंने हाथ बढ़ा कर उसके बूब्स पर रख दिया. मैंने देखा कोई हरकत नहीं हुई तो में उसके बूब्स सहलाने लगा.

५ मिनिट में ही उसके निप्पल टाइट से हो गए पर वो सोती ही रही. मेरा भी पानी मेरे अंडरवियर में ही निकल गया. और फिर में सो गया.

अगले दिन फिर शाम में ही हुआ. पर रात को में थोड़ा आगे बढ़ा. में रात १ बजे का अलार्म लगाकर सो गया. रात में उठकर मैंने अपना हाथ उसके बूब्स पर रख दिया और हलके से सहलाकर दबाने भी लगा. उसके बूब्स टाइट हो गए और निप्पल खडे हो गए पर वो वैसे ही सोती रही.

में ५ मिनिट तक बूब्स दबाता रहा फिर मैंने आगे बढ़ने की सोची. में अपना हाथ उसकी कूल्हों तक ले गया और उसके थाईस साडी के ऊपर से ही सहलाने लगा. इतने में मैं झड़ गया और सो गया.

अगले दिन ने ऑफिस से आते समय कंडोम ले आया. ये फ्राइडे की नाईट थी. अगले २ दिन मेरी हॉलिडे थी. रात में १ बजे उठने के बाद मैंने फिर से अपना काम चालू किया. वो साइड करवट से लेटी हुई थी. पहले मैंने बूब्स दबाये फिर अंदर हाथ डालकर दबाये. अब में ज्यादा कॉंफिडेंट हो गया था.

फिर मैंने हाथ से उनकी साडी खींचकर ऊपर की और उनकी पेंटी में हाथ डाला. उनके बाल थे. मैंने बालो में हाथ फिराया फिर में चूत के पास ले गया और फिंगर से उनकी चूत सेहलाइ. वो गीली थी और बहुत गरम थी.

२ मिनिट फिंगरिंग के बाद में उठा और मैंने कंडोम अपने लंड पर पहना और उसकी पेंटी साइड करके वैसे ही लंड उसकी चूत पे लगाया और थोड़ा आगे बढ़ाया. लंड १-१.५ इंच अंदर चला गया. मुझे दर भी लग रहा था. मैंने ऐसे ही उसे ३-४ मिनिट तक चोदा फिर में झड़ गया. और आकर अपने बेड पर सो गया.

अगले दिन सैटरडे था तो में भी सुबह लेट उठा. वो तब तक तैयार हो गई थी. हम लोगो ने नाश्ता किया और में उसे लेकर हॉस्पिटल गया. वह २ घंटे रुकने के बाद मैं उसे बोला की आप बोर हो जाती होगी चलाओ कही घूमने चलते हे. उसने हाँ कहा.

फिर वहाँ से हम लोग मेरी बाइक पर वाटर पार्क चले गए. उसके पास कपडे नहीं थे तो वो मना कर रही थी पानी में जाने को. मैंने अपने लिए और उसके लिए कपडे रेंट पर लिए. और मैंने खूब मस्ती की. वो बहुत शांत थी. में उसका हाथ पकड़कर घूमता रहा. कभी इस पूल में कभी उस पूल में.

शाम को ५ बजे हम लोग वहाँ से निकले तो मैंने उनको कहा की आप कोई गाउन नहीं लाइ हो. वो बोली नहीं. मैंने कहा की ले लो. तो वो मान गई. मैंने उसको २ गाउन दीलवा दी. आते वक़्त हम लोग रस्ते में ही खाना खा कर आये थे.

घर आकर टीवी देखा और दूध पीकर सोने लगे.

आज मैंने कहा की फोल्डिंग लगाने से रात में टॉयलेट जाने में प्रॉब्लम होती हे तो क्यों न नीचे बिछा लू.

उसने हां कहा.

और मैंने दोनों बिस्तर नीचे लगा लिया. थके होने के कारन हम लोग जल्दी ही सो गए. रात में में १२ बजे उठा और मैंने अपना काम चालू किया. आज वो नाइटी पहन कर सोइ थी.

आज मैंने कॉन्फिडेंटली हाथ उसके बूब्स पर रखे और दबाता रहा फिर नाइटी के अंदर हाथ डालकर दबाये. आज मैंने ब्रा के अंदर भी हाथ डाला और उसकी चुंचियां पकड़कर दबाई. वो मचल रही थी.

फिर मैंने हाथ पीछे लेजाकर ब्रा खोल दी. फिर धीरे से मैंने गाउन ऊपर को उठाया और खींचकर उसके नीचे से निकाल दिया. वो वैसे ही सोते हुए दिख रही थी.

फिर मैंने उसके बूब्स और निप्पल काटते हुए दबाये. वो वैसे ही सोती रही.

फिर मैंने उसकी पेंटी में हाथ डाला और फिंगरिंग किया. मैंने उसकी पेंटी उतारी और अपने लंड पे कंडोम लगाकर उसको सीधा किया और उसके ऊपर चढ़ गया. मैंने धीरे धीरे पूरा लंड उसकी चूत में दाल दिया और चोदने लगा.

७-८ मिनिट चुदाई के बाद में झड़ गया. मैंने कंडोम निकाल कर टॉयलेट में फेक दिया और उसके पास आकर अपनी अंडरवियर पहन कर सो गया.

फिर रात में ३ बजे के लगभग फिर में उठा और उसको उसी तरह से एक बार और चोदा. और सो गया. वो नंगी ही सो रही थी.

अगले दिन संडे को जब में सोकर ८ बजे उठा तो वो नहा रही थी. में फ्रेश होने के लिया टॉयलेट में घुस गया. वहाँ से जब में ब्रश करके आया तो वो दूसरा गाउन पहने हथी.

वो किचन में थी. और चाय बना रही थी. में किचन में ही चला गया और उसको गुड मॉर्निंग बोलै.

वो शर्माते हुए मुझे धीरे से गुड मॉर्निंग बोली. पीछे से उसको देखकर पता चल रहा था की उसने पेंटी और ब्रा नहीं पहनी हे. मेरा लंड खडा हो गया. में धीरे से जाकर उसके पीछे से चिपक कर ढकने लगा और पूछा चाय बना रही हो क्या.

वो थोड़ी आगे बढ़ती हुई बोली हाँ.

मैंने अपना लंड उसके चूतड़ों में दबाया और उसके ऊपर को झुक गया और झांककर कही देखने लगा. वो शर्म और उत्तेजना से कांपने लगी और धीरे से बोली की में बना रही हु न.

मैंने हाथ पीछे लेजाकर अपना लंड अडी से बहार निकाल दिया और लंड उसकी गांड में ठोकरे मरने लगा.

वो काँप रही थी. में थोड़ा झुका और लंड उसकी गांड के नीचे लगाकर उसे ऊपर को उठाया और उसको पूछा की चीनी डाल दी हे क्या?

फिर मैंने धीरे धीरे उसकी जांघो पर हाथ फिराया और उसकी नाइटी ऊपर को ले आया. अब उसकी गांड पीछे से नंगी हो गई और मेरा लंड सीधे उसकी गांड पर चोट करने लगा.

मैंने शेल्फ से चायपत्ती का डिब्बा उतारकर उसे दिया और कहा ये भी डाल दो उसने कांपते हाथो से उसे खोला और चायपत्ती डाली. तब तक में अपने लंड को उसकी नंगी गांड पर घिसता रहा.

फिर मैंने उसके गांड पे हाथ रखकर उसे ऊपर को उठाया और अपना लंड पकड़कर उसकी चूत पर लगाया और उसे आगे झुका दिया. मैंने धीरे से लंड बढ़ाया और २ इंच अंदर घुस गया. उसके झुकते ही मैंने एक तगड़ा शॉट लगाया और पूरा अंदर कर दिया. वो आह कर गई. बोली धीरे.

मैंने हाथ आगे करके उसके बूब्स पकड़ के जोर से दबाए उसने ऊऊह करके मेरे हाथ पकड़ लिए अब मैंने उसके निप्पल्स फिंगर्स के बीच लेकर रगड़ने लगा.वो आह धीरे आआह धीरे करती रही.

मैंने उसके हाथ ऊपर करके उसकी गाउन उतार दी और अपने कपडे भी. अब हम दोनों नंगे और में उसे घोड़ी बनाकर चोदने में लगा था. उसकी सांवली गांड देखकर मैंने उसे गांड मरवाने के लिए कहा तो वो बोली पीछे नहीं, आगे ही.

फिर मैंने उसके बाल पकड़ लिए और हॉर्स राइडिंग की तरह उसे चोदने लगा. उसका मुँह मैंने बहार की तरफ कर लिया वो हर झटके में एक दो कदम आगे बढ़ जाती थी. ऐसे करते हुए हम किचन से बहार आ गए. मैंने अपना लंड अब बहार निकाला और उसे अपनी तरफ घुमाया.

वो सर नीचे करके खकड़ी थी. मैंने उसे वही पर स्मूच करना शुरू कर दिया.

मैंने उसे बोला चलो बाथरूम में.

उसने पूछा वहां क्यों?

मैंने कहा अब आगे वही पर होगा.

में उसे किस करते हुए बाथरूम में ले गया और शावर चलाया. जैसे ही पानी उसके ऊपर गिरा वो आआअह कर के रह गयी.

मैंने उसे दीवार से सटाया और एक पैर उठा कर अपने हाथ में पकड़ कर अपना लंड उसकी चूत में डाला.

२ मिनिट में ही में थक गया फिर मैंने उसे वही लिटाया और झटके में लंड पेल दिया. वो जोर से चिल्लाई आह मर गई साले धीरे कर ना.

मैंने कहा चुप साली आराम से वैसे चुद जैसे में चोद रहा हु.

वो बोली तो धीरे कर न ३ साल बाद चुद रही हु दर्द नहीं होगा.

में बोला साली अभी में तेरी गांड भी मरूंगा.

वो बोली नहीं गांड नहीं.

मैंने ३-४ जोरदार झटके मारे वो आआह आअह नहीं धीरे धीरे कर रही थी.

फिर मैंने उसके दोनों पैर उठाकर कंधे पर रखे और जोरदार चुदाई चालू कर दी. वो आह नहीं ऐसे ही करती रही.

फिर मैं उसकी चूत में ही झाड़ गया. वो बोली अब तस्सली मिली.

मैंने उसे पूछा की कितने दिन बाद हुआ आज. वो बोली लगभग ३ साल के बाद. थैंक यु. मैंने कहा मजा आया. बोली हाँ बहुत. तुमने तो मेरी हालत ख़राब कर दी.

मैंने कहा अभी तो कुछ बाकी हे. वो बोली क्या. मैंने बोलै योर बेक. वो बोली पीछे नहीं एक बार मेरे पति ने ट्राय किया था. थोड़ा अंदर जाते ही फटने लगी थी. खून भी निकला बहुत दर्द भी हुआ. और तुम्हारा तो और बड़ा हे.

मैंने कहा प्यार से करूँगा तो दर्द काम होगा और फोरस्फुल्ली ज्यादा लेकिन पीछे करूँगा तो जरूर.

वो शर्मा के बोली नहीं और कही भी कितना भी कर लो.

मैंने कहा की देखते हे. और फिर उसके उपर चढ़ गया. फिर वो वह २ महीने तक रही और मैंने उसे रोज चोदा.


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