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Showing posts from January, 2020

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मौसी और अकटारा को चोदा – देसी कहानी

सगी बहन को चोद कर मां बनाया

बहन भाई सेक्स स्टोरी में पढ़ें कि कैसे मैंने अपनी शादीशुदा बहन को सेक्स के लिए मनाया और अपने घर में बहन की चूत की चुदाई की. उसने भी खूब मजा लिया. आप भी मजा लें. नमस्कार दोस्तो, मेरा नाम विक्की है. मैं दिल्ली का रहने वाला हूँ. मुझे सेक्स स्टोरी पढ़ना अच्छा लगता है. आज मैं पहली बार अपनी सेक्स कहानी लेकर आपके सामने आया हूँ. आशा करता हूँ कि आपको मेरी बहन भाई सेक्स की सच्ची कहानी पसंद आएगी. मेरे परिवार में पांच लोग हैं. मैं, मेरी बड़ी बहन सुमन, उससे छोटी बहन खुशबू, मां और पापा. सुमन की शादी को तीन साल पहले हो गई थी और खुशबू की शादी को एक साल हुआ है. मेरी दोनों बहनें गजब की खूबसूरत हैं … पर मुझे खुशबू बहुत ज्यादा हॉट और सेक्सी लगती है. खुशबू के चूचे काफी बड़े और टाईट हैं, उसकी गदराती जवानी को देखकर कोई भी उसे चोदना चाहेगा. मेरा मन भी बहुत करता था, पर कभी हिम्मत नहीं होती थी. नवम्बर महीने की बात है, मां की तबीयत खराब हो गई थी, तो खाना बनाने के लिए और मम्मी की देखभाल करने के लिए खुशबू को यहाँ आना पड़ा. दिल्ली में हमने इलाज कराया, पर कोई फ़र्क नहीं पड़ा … इसलिए पापा मां को गांव ले गए. अब घर पर मैं ...

चूत लालच ने करवाया चूतियापा

दोस्तो, मेरा नाम नीरज कुमार है और मैं 48 साल का एक तलाक़शुदा मर्द हूँ। अभी 4 महीने पहले ही मेरा तलाक हुआ है। अभी मैं बिलकुल कुँवारा और अकेला हूँ, तो अगर कोई ज़रूरतमन्द महिला या लड़की हो, तो मुझसे कांटैक्ट कर सकती है. हा हा हाहा, खैर ये तो मज़ाक की बात थी। दरअसल मैं आपको अपने तलाक की कहानी सुनाना चाहता हूँ। अब आप कहोगे, यार तलाक की कहनी में क्या नई बात है, बहुत दुनिया के होते हैं। मगर मेरी कहानी सुन कर आप कहोगे, यार तेरे जैसी किस्मत हमारी क्यों नहीं हुई, तो सुनिए।  बात तक की है, जब मैं सिर्फ 42 साल का था और तब तक मेरी शादी नहीं हुई थी। दरअसल एक बड़े सरकारी ओहदे पर था, और इसी वजह से मेरे अपने दफ्तर की और मेरे अधीन दूसरे दफ्तर की बहुत सी लेडीज़ से मेरे संबंध थे। सीधी बात यह है कि मैं एजुकेशन बोर्ड में काम करता हूँ और टीचर लोग के तबादले मैं ही करता हूँ। तो अपने तबादले रुकवाने के बदले बहुत सी मैडम बहुत बार मेरे को खुद ही ऑफर कर देती थी. अब दो चार से बात बनी तो फिर तो मैंने उनके जरिये और भी बहुत सी मैडमों को बजाया। घर में एक बाई थी, जो साफ सफाई और खाना बनाती थी. वो तो पहले से ही मेरे साथ सेट थ...

जिगोलो की कामुक दुविधा

जिगोलो की कामुक दुविधा-1 मेरा नाम जमील है और मैं करनाल में रहता हूँ, एक 27 साल का गोरा चिट्टा नौजवान हूँ। रेगुलर जिम जाता हूँ, अच्छी बॉडी बना रखी है। दरअसल मैं जिस काम में हूँ, उस काम में आपका खूबसूरत और सेहतमंद होना बहुत ही ज़रूरी है। मैं एक जिगोलो हूँ। जिगोलो बहुत से लोग तो जानते होंगे, जो नहीं जानते वो मैं बता देता हूँ। मैं एक पुरुष वेश्या हूँ। अब समझे। मान लो आपकी बीवी को आप संतुष्ट नहीं कर पाते, वो बिस्तर पर प्यासी रह जाती है। तो आप या वो अगर चाहे तो मैं उसको बिस्तर में खुश कर सकता हूँ। हाँ इस काम के लिए मैं पैसे लेता हूँ। एक रात के 15000 रूपये।  ये तो हुई मेरी बात। अब आप पूछेंगे कि भाई इस काम में कैसे आ गए। दरअसल हुआ यूं कि कॉलेज के दिनों में ही मेरी एक आंटी से सेटिंग हो गई थी। अब मैं सिर्फ 22 साल का और वो थी शायद 45-46 साल की। मेरी मम्मी जैसी, मगर उस उम्र में तो सिर्फ चूत ही दिखती है, तो जैसे ही मेरी सेटिंग हुई, मैंने बिना कोई समय गँवाए, पहली फुर्सत में उस आंटी को चोद दिया। शायद नई नई चढ़ी जवानी के जोश में मैंने उसके पति से बेहतर काम किया तो उस आंटी ने मुझे पक्का ही अपना चोदू ...

चूत एक लंड अनेक

अन्तर्वासना के सभी मित्रों को मेरा नमस्कार। मेरा नाम डॉली है। मैं छत्तीसगढ़ में रहती हूं। मेरी उम्र 35 वर्ष है और मेरी दूसरी शादी अभी कुछ महीने पहले ही हुई है। मैं एक चुदक्कड़ किस्म की लड़की हूं तथा अपनी पहली शादी के पहले से ही अपनी चूत को लंड का स्वाद दिला चुकी हूं। मेरा मानना है कि हर लंड का स्वाद अलग होता है और हर चूत एक जैसी चटपटी नहीं होती है। मेरा रंग गोरा, हाइट 5 फुट 4 इंच और फिगर 35 30 36 है। मुझे ब्लू फिल्म देखना बहुत पसंद है, खासकर वह फिल्म जिसमें एक लड़की को दो या अधिक लड़के चोदते हैं। मेरा भी बहुत मन करता है कि मैं दो लड़कों के साथ एक साथ सेक्स कर सकूं।  कुछ दिन पहले मैंने अन्तर्वासना पर एक कहानी पढ़ी थी जिसका शीर्षक था भीड़ का आनन्द इस कहानी में एक लड़की बिना पैंटी और ब्रा पहने डीटीसी की बस में सफर करती है और उसे दो लड़के पटा कर ले जाते हैं। बाद में वह दो लड़के तथा ऑटो ड्राइवर तीनों मिलकर उस लड़की की सुनसान एकांत में ले जाकर भरपूर चुदाई करते हैं। कहानी बहुत अच्छी लिखी गई थी और उसे मैंने कई बार पढ़ा। जब जब मैं यह कहानी पढ़ती थी, मेरी चूत गीली हो जाती थी। मेरे दिमाग में ...

चलते ट्रक में चुत चुदवाई

चलते ट्रक में चुत चुदवाई-1 मेरा नाम सुजाता है, मैं एक आदिवासी परिवार से हूं, इसलिए न तो गोरी चिट्टी हूं, न ही चेहरा बहुत सुन्दर है. पर क्योंकि मैं मेहनती हूं, इसलिए मेरा बदन भरा भरा और फिगर जबरदस्त है. मेरे स्तन के उभार किसी को भी ललचा देने के लिए काफी हैं. मैं ज्यादा फैशन में विश्वास नहीं करती हूँ ... ज्यादातर सिम्पल कपड़े ही पहनती हूं. मैं प्यार व्यार के चक्कर में कभी नहीं पड़ी, पर जब एक हैन्डसम से लड़के मुझे प्रपोज किया, तो मैं मना नहीं कर पाई.  मेरे घर से मुख्य शहर लगभग पच्चीस किलोमीटर दूर है. वहीं मैं पढ़ाई भी करती हूं और जॉब भी करती हूं. आने जाने के लिए बस से आना जाना होता है. टाईम मिलता है तो बॉयफ्रेंड के साथ गुजारती हूं. हालांकि इतना टाईम कभी नहीं मिलता था कि कुछ ज्यादा कर पाएं ... पर हम ज्यादातर किस विस कर लेते हैं. कभी कभी वो मेरी ब्रा के नीचे हाथ ले जाकर मेरे स्तनों को मसल लेता था. घर वापस जाने के लिए मुझे काफी देर तक रोड के किनारे खड़े होकर इंतजार करना पड़ता है, तो हम दोनों खड़े होकर बातें करते रहते हैं.  ऐसे ही एक दिन मुझे घर जाने की जल्दी थी और कोई साधन नहीं मिल रहा था....

बिजनेस की सीढ़ी बना सेक्स

दोस्तो ... मेरी पिछली कहानियां दोस्त का स्वागत बीवी की चूत से और अधूरे मिलन की तड़प आपने पसंद की. धन्यवाद. आज की कहानी रवि ने भेजी है. रवि ने अभी हाल ही में एक बीमा कंपनी ज्वाइन की है, इससे पहले वो बैंकिंग में था. रवि की शादी हो चुकी है, एक दो साल की बिटिया भी है पर पत्नी रजनी सरकारी टीचर है, अच्छी तनख्वाह मिलती है, नौकरी छोड़ नहीं सकती तो अपने मायके में रहती है और पास के शहर में रोज आती जाती है. बेटी को मां संभाल लेती है. हालांकि रजनी और रवि दोनों सेक्स के बहुत शौक़ीन हैं पर वक्त की मजबूरी ने उन्हें अलग रहने पर बाध्य कर दिया है. रवि पिछले एक साल से अलग रह रहा है. दूरी इतनी है कि महीने में कभी एक बार ही रजनी के पास जा पाता है, तभी दो दिन के लिए रुक जाता है. पर सफ़र की थकावट और ससुराल में रहने से सेक्स बस मन मारने जैसा ही हो पाता है. वो रवि और रजनी जिन्होंने शादी के पहले साल में घर पर शायद ही कभी कपड़े पहने हों, अब बहुत सयंमित रहना पड़ता था. रवि अब फील्ड ऑफिसर बन कर आया है. रवि ने एक होटल में ही रूम ले लिया था, ताकि सफाई और खाने का झंझट न हो. ब्रांच छोटी है इसलिए रवि ही हेड है. ब्रांच में ज्य...