Skip to main content

Most Popular

मौसी और अकटारा को चोदा – देसी कहानी

मौसी ने बुर खिलाई भांजे को


मेरा नाम रोहित (बदला हुआ) है. मैं उत्तर प्रदेश का रहने वाला हूं. मैं ग्रामीण इलाके से संबंध रखता हूं और मेरी उम्र 19 साल है. मेरा रंग हल्का सांवला है और शरीर भरा हुआ है. मेरा लंड 6.5 इंच का मोटा सा है. मेरी मौसी की तो बात ही क्या करें. उनकी उम्र 36 साल की है. उनकी सांवली सूरत और गाल पर पागल बना देने वाले डिंपल हैं. मौसी का 34-28-36 का कातिलाना जिस्म है. मुझे वो मदहोश कर देने वाली जवानी लगती हैं और अब तो मुझसे चुदवा कर वो मेरी जान ही बन गई हैं.

ये बात तब की है, जब पूरा विश्व कोरोना का कहर झेल रहा था. मेरे सालाना एग्जाम हो चुके थे और एग्जाम से फ्री होने के बाद अपनी मौसी के घर घूमने गया था. मौसी के घर आने के कुछ दिन बाद अचानक से लॉकडाउन लग गया. मेरे मौसा जी दिल्ली में काम करते थे और उनका इकलौता बेटा भी वहीं पढ़ता था. वो दोनों वहीं दिल्ली में फंस गए थे. हालांकि मौसा जी इस बात से निश्चिंत थे क्योंकि उन्हें मालूम था कि मौसी का ख्याल रखने के लिए मैं गांव में था.

अब घर में केवल मैं और मौसी ही बचे थे. मेरी मौसी काफी अमीर हैं और वो अपने जिस्म का काफी ख्याल रखती हैं.

कोरोना के कारण सब कुछ बंद हो गया था. हम दोनों के दिन घर की चारदीवारी में ही बीतने लगे.

चार दिन बाद सुबह के समय मैं उठा, तो मैंने देखा कि मौसी बाथरूम में नहा रही थीं. बाथरूम का दरवाजा पूरी तरह से लगा नहीं था इसलिए अन्दर का मदमस्त कर देने वाला नजारा साफ़ दिख रहा था. नंगा सीन देख कर मैं ठिठक गया और देखने लगा. सुबह के समय वैसे ही मन में कुछ उत्तेजना रहती है और मेरा लंड भरा हुआ था.

मैंने चुपचाप अपनी मौसी को नहाते हुए देखना शुरू कर दिया. साबुन के झाग से उनके दोनों मम्मे ढके हुए थे और वो नीचे पैंटी पहनी हुई थीं. मैं अपने लंड को सहलाते हुए मौसी को देखने लगा. बड़ा ही मस्त नज़ारा था.

जब मौसी ने अपने जिस्म पर पानी डाला तो उनके दोनों चूचे साफ़ दिखने लगे और मेरे अन्दर की आग भड़क उठी. साथ ही साथ खड़ा हो चुका मेरा लंड फड़फड़ा उठा.

मैं भूल गया कि सामने मेरी मौसी हैं … मुझे तो बस एक मस्त कांटा माल दिखाई दे रहा था.

मौसी का नंगा बदन मुझे ऐसा लग रहा था जैसे मैं कोई पोर्न वीडियो में किसी पोर्न ऐक्ट्रेस को नंगी देख रहा हूँ.

मैं अपना लंड हिलाने लगा. उसी बीच न जाने कैसे उन्हें दरवाजे के बाहर हलचल समझ आ गई और मेरी मौसी जान गई थीं कि मैं जाग गया हूँ और उन्हें देख रहा हूँ. मौसी ने दरवाजे को खींचा, तो मैं समझ गया कि शायद मौसी ने मेरी उपस्थिति को महसूस कर लिया है. ये सोचते ही मानो मेरे लौड़े लग गए थे और कैसे भी करके मैं वहां से कमरे में आ गया. मेरी हालत खराब हो गई थी.

इधर मेरा लंड बिना झड़े मानने को तैयार नहीं था. मैंने कैसे भी करके अपने लंड की मुठ मारी और खुद को शांत किया. अब मेरा नजरिया मौसी के लिए बदल गया था. दिन भर मैं बस उनके चूचों को देखता और उनको चोदने की तमन्ना मन में बसाए हुए लंड सहलाता रहता था.

सुबह जैसे ही मौसी नहाने जातीं … मैं दरवाजे की झिरी से मौसी का नंगा बदन देखने लगता था.

मौसी भी अपनी चुत में उंगली करती रहतीं और अपने दूध दबाती रहती थीं.

दो दिन बाद बात ही बात में मौसी को चोदने का अवसर बनता नजर आया.

उस दिन मौसी और मैं लूडो खेल रहे थे.

मौसी ने मैक्सी पहनी हुई थी. जिसका गला काफी खुला हुआ था. मैंने एक ढीला सा बरमूडा पहना था. ऊपर कट वाली बनियान पहनी थी. मेरा चौड़ा सीना शायद मौसी को भाने लगा था. वो झुक झुक कर लूडो की डायस फैंक रही थीं और अपनी गोटियां चल रही थीं. इससे उनके मम्मे साफ़ दिख रहे थे.

तभी मैंने मौसी की एक गोटी मार दी.

मौसी एकदम से बोलीं- अरे यार, मेरे पीछे क्यों पड़ा है, तूने तो मेरी पकी पकाई मार दी.

मैं उस समय मौसी के मम्मे देख कर मस्त हो रहा था और उनके मुँह से ये सुनकर कि मैंने उनकी मार दी है … मैं एकदम से गनगना गया.

कुछ देर बाद मैं गेम जीत गया, तो मौसी बोलीं- चल, अब बाद में खेलेंगे. मैं उनकी तरफ देखने लगा. अब हमारी बातें होने लगीं.

मौसी ने मुझे एक अजीब सी बात पूछी- तेरा किसी लड़की से चक्कर तो जरूर होगा बाबू?

मैं चौंक गया और बोला- अरे नहीं मौसी … ऐसा कुछ नहीं है.

मौसी थोड़ा हंसी.

फिर उन्होंने मुझसे सीधे सीधे वो पूछ लिया, जिसका इंतजार मुझे इतने दिनों से था- तब तो तूने कभी वो सब भी नहीं किया होगा?
मैं- वो सब क्या मौसी?

मौसी – देख ज्यादा भोला मत बन … मुझे सब पता है.

मैं- क्या मौसी ?

मौसी बनावटी गुस्से में बोलीं- अच्छा … तू उस दिन से मुझे रोज सुबह नहाती देखता है ना?

मैं ये सुनकर डर गया और बोला- न….नहीं तो मौसी!

मेरे इतना कहते ही मौसी मेरे करीब आ गईं और उन्होंने अपनी एक हथेली से मेरी जांघ को दबा दिया.

मौसी – मैंने तुझे उस दिन ही देख लिया था, जब तू भाग कर कमरे में गया और अपना हिला रहा था.

अब मेरी हालत खराब हो गई- मौसी मुझसे गलती हो गई, माफ कर दो.

कुछ देर बाद मौसी बोलीं- देख तू मुझे खुश कर दे वरना मैं भैया को सब बता दूंगी.
मैं चुप हो गया और मेरी नजरें झुक गईं.

मौसी – बोल न … क्या तू मेरी गर्मी दूर करेगा?

ये कह कर मौसी ने मेरी जांघ से हाथ अन्दर को सरका कर मेरे लंड को सहला दिया. मेरा लंड कड़क होने लगा था. मेरे अन्दर का डर भी अब साहस में बदलने लगा था. मैंने उन्हें देखा, तो मौसी ने आंख दबा दी.

मैं समझ गया कि यह हॉट औरत सेक्स के लिए बेचैन है. मैंने बिना रुके अपने होंठ आगे बढ़ा दिए और मौसी के होंठों पर अपने होंठ रख दिए. बस इतना हुआ ही था कि मौसी तो मेरे ऊपर एकदम से मानो टूट पड़ीं और मेरे पूरे मुँह पर चुम्बन करने लगीं. मैं भी कई दिनों से भूखे शेर की तरह उन पर टूट पड़ा.

लगभग दस मिनट हमने केवल लिपकिस किया. मौसी बीच में रुक जाती थीं, शायद वो सांस लेने लगती थीं. अब मेरा लंड और तड़प उठा था. मौसी ने मुझे धक्का दे दिया और मेरे सीने पर झुक कर मुझे चूमने लगीं. मैंने नीचे से उनके गाउन में हाथ डाला और ऊपर करके बाहर निकाल दिया. मौसी ने अन्दर ब्रा नहीं पहनी थी. लग रहा था कि मौसी चुदने के लिए पूरी तैयार होकर आई थीं. उनके मोहक मम्मों को मैंने दबाना और मसलना शुरू कर दिया. मौसी मेरे मुँह में एक दूध देने लगीं और मैंने मौसी के उस दूध का निप्पल अपने मुँह में दबा लिया और दबाते हुए चूची चूसने लगा.

वे ‘आह … आह …’ करती रहीं.

मैंने कुछ ही देर में मौसी के दोनों दूध चूस चूस कर लाल कर दिए.

फिर उनको खड़ा कर दिया और अपने आपको मौसी के पीछे करके मैं मौसी के दोनों मम्मों को मसलने लगा. इस समय मौसी केवल पैंटी में थीं.

मौसी भी मेरे ऊपर टूट पड़ीं और मेरे जिस्म पर बनियान बरमूडा और कच्छे को उतार कर दूर फेंक दिया.

मैं नंगा हो गया था और मेरा लंड मौसी की नंगी जवानी को खा जाने के लिए एकदम रेडी था.

मौसी ने मेरा मोटा लम्बा लंड देखा और वो उसे ऊपर से सहलाने लगीं.

मैंने उनका हाथ पकड़ा और उन्हें बिस्तर पर धकेल दिया.

आज मौसी ने अलग ही किस्म का परफ्यूम लगाया था, उनकी पूरी चूत महक रही थी.

मैंने पैरों से चूमना शुरू किया और जांघों पर आकर मौसी की संगमरमर से बदन को चाटने लगा. मौसी आंह आंह करने लगीं और वो मेरे सर पर अपना हाथ फेरने लगीं. मैंने मौसी की पैंटी की इलास्टिक में उंगलियां फंसाईं और उनकी पैंटी को नीचे कर दिया.

आह … मेरे सामने मौसी की एकदम चिकनी चुत खुल गई थी. हल्की सांवली सी चुत … जिस पर से चॉकलेटी महक आ रही थी. एक बार मौसी की तरफ देखा मैंने … तो मौसी की वासना से तप्त आंखें मेरे सामने एक प्यासी औरत की कामुकता को दर्शा रही थीं. मैंने अपनी नजर नीचे की तो मेरे सामने उनके दोनों चूचे बिल्कुल पहाड़ के जैसे तने थे. उनमें जरा भी ढलकाव नहीं था.

मैंने एक हाथ से एक दूध पकड़ा और बस के हॉर्न जैसे दबा दिया. इस बार मैंने मौसी का दूध कुछ जोर से मसला था तो मौसी की आह निकल गई और इसी के साथ उनकी चुत कुछ ऊपर को उठ गई. मैंने उसी पल मौसी की चुत में जीभ फेर दी. मौसी तड़फ उठीं और मेरे सर को उन्होंने जोर से अपनी चुत पर दबा दिया.

पूरी चुत नमकीन रस से भरी पड़ी थी. मैंने चुत चाटना शुरू कर दिया और मौसी आह आह करती हुई अपनी चुत चटवाने का सुख लेने लगीं.

कुछ ही देर में मौसी की चुत ने रस छोड़ दिया और मैंने चुत को चाट चाट कर पूरा साफ़ कर दिया.

मौसी की आंखें एकदम से लाल हो गई थीं. वो कुछ शिथिल सी पड़ी हुई मेरी तरफ देख रही थीं और मेरे सर को सहला रही थीं.

अब तक मैं बहुत गर्म हो गया था और मेरा लंड फट पड़ने को था.

मैं उठा और मौसी की चुत की तरफ मुँह करके 69 में हो गया. इससे मेरा लंड मौसी के मुँह की तरफ आ गया था. मौसी ने मेरे लंड को अपने मुँह में लिया और चूसने लगीं.

कोई पांच मिनट बाद मौसी ने मेरे लंड को निचोड़ लिया था और रस को खा गई थीं.

हम दोनों एक एक बार झड़ चुके थे.

हमारे बीच आपस में किसी तरह की कोई बात नहीं हो रही थी.

फिर मौसी ने उठ कर दराज से एक सिगरेट निकाली और जला कर धुंआ उड़ाने लगीं.

उन्होंने मेरी तरफ मुस्कुरा कर देखा तो मैंने अपनी उंगलियां उनकी तरफ बढ़ा दीं.

मौसी ने सिगरेट मेरी उंगलियों में फंसा दी.

मैंने धुँआ उड़ाना शुरू कर दिया.

कुछ देर बाद हमारे बीच फिर से माहौल बन गया और मैंने मौसी को लिटा दिया. एक बार फिर से हमारे बीच सेक्स होने लगा. लंड खड़ा हो गया था, चुत गर्मा गई थी.

मैंने मौसी की दोनों टांगें फैला दीं और लंड का सुपारा चुत की फांकों में सैट कर दिया. कुछ देर लंड चुत पर रगड़ा और एकदम से अन्दर पेल दिया. मौसी की मस्त आंह निकल गई और हमारे बीच चुदाई शुरू हो गई. दस मिनट तक मौसी को मिशनरी पोज में चोदने के बाद मैंने लंड निकाला और चित लेट गया.

अब मौसी मेरे लौड़े पर चुत फंसा कर बैठ गईं और गांड हिलाने लगीं. मैं मौसी की चुदाई करने लगा. इस बीच मौसी हंसती हुई बोलीं- मालूम … मैंने ही तुझे अपने दूध दिखा कर फंसाया था. मैं हंस दिया और कह दिया कि हां और मैं फंस गया था. हम दोनों हंस दिए और मस्ती से चुदाई चलने लगी.

उस दिन हम दोनों ने एक बार ही चुदाई का मजा लिया और रात में मौसी ने मस्त पार्टी की. हम दोनों चार चार पैग खींचे और दो बार चुत चुदाई का मजा लिया. दूसरे दिन मैंने मौसी की कुंवारी गांड भी खोली, वो सब कैसे हुआ, मैं अगली अपनी सेक्स कहानी में आपको लिखूँगा.

 

 

Comments

Popular posts from this blog

मौसी और अकटारा को चोदा – देसी कहानी

हेलो फ्रेंड्स मई हू अस्साम से अमानूर. मई अस्साम की लखीमपुर मे रहता हू. मेरा घर गाओ मे है. मई एक मिड्ल क्लास फॅमिली से हू. मेरे फॅमिली मेंबर्ज़ 5 है, मा पापा मई मेरा घर का बड़ा बेटा हू. आगे 20 और मेरा छोटा भाई 17 और सबसे छोटा 13 साल का है. मेरी हाइट ५.११ इंच लुंड ७ इंच. मई दिखने में गोरा हु. कोई भी लड़की देख के प्रोपोज़ करना चाहेगी. अब मई ग्रेजुएशन कम्पलीट कर के घर पे बैठा हु अब स्टोरी पे अत हु.मई बचपन से ही बहुत शरारती था और सबका लाडला था. मई बचपन से नाना का घर में था. तो वह मेरा मां मौसी सब मुझे बहुत प्यार करते थे. मेरी बड़ी मौसी अक़ीदा २५ साल की है उनका फिगर ३४.३०.३६. और छोटी मौसी अफरोजा २२ साल की फिगर ३४.२८.३४. बचपन में क्या फिगर क्या कुछ पता नहीं था.ये कहानी करीब १० साल पहले की मेरी रियल लाइफ कहानी है नेम्स चेंज्ड है बस. बचपन में खेल खेल में एक दिन छोटी मौसी ने खेलते टाइम बाथरूम में बुलाया. और मुझे बोलै तुम पेशाब करो मुझे देखना है. मैंने बोलै ठीक है और में पेशाब किया.फिर मौसी ने मेरा नुनु (लुंड) पे हाथ लगाया और कहने लगी तुम्हारा ऐसा क्यों है?मैंने बोलै ऐसा ही तो होता है.तो ...

18 बर्थडे पे पापा ने चुदाई का गिफ्ट दिया

दोस्तों मेरा नाम कोमल है कल ही मैं अठारह साल की हुई है और रात में मेरी चुत फट गई कैसे हुई मेरी पहली चुदाई वो आज आपको बताने जा रही हूँ। मैं दिल्ली में रहती हूँ। मैं अपने पापा और मम्मी के साथ रहती हूँ। मम्मी मेरी जॉब करती है एक सॉफ्टवेयर कंपनी में और पापा घर से ही काम करते हैं। मेरी मम्मी अभी दुबई गई हुई है कंपनी के काम से और मैं और पापा घर पर थे। ये मेरे दूसरे पापा हैं क्यों की मम्मी ने दूसरी शादी की है। मम्मी कि उम्र मात्र छतीस साल है और मेरे पापा जिनके साथ मैं रहती हूँ वो चालिस साल के हैं। मेरे पहले वाले पापा अब दूसरी शादी कर लिए हैं। पर नए पापा बहुत अच्छे हैं। आखिर कल ऐसा क्या हुआ था की पापा मुझे चोद दिए और सच पूछिए तो मैं भी मना नहीं की। हुआ यू की कल ही मेरा बर्थडे था। कल सुबह ही एक गड़बड़ हो गई थी। मेरे बॉय फ्रेंड का फ़ोन आया था और पापा को पता चल गया था की मेरा कोई बॉयफ्रेंड है. पापा बोले बेटी आजकल ज़माना ख़राब है तुमको पटा कर सिर्फ तुमसे गलत काम करेगा। और तुम्हारी ज़िंदगी बर्बाद हो जाएगी। तुम क्या चाहती हो अपने मम्मी को दुखी करना चाहती तो तो कोई बात नहीं और अगर एक अच्छी लड़की बननी चाहती ...

दोस्त की बीवी की चूत में की वीर्य वर्षा

माय फ्रेंड वाइफ हॉट कहानी में पढ़ें कि मेरे एक सीनियर से मेरी दोस्ती हुई। एक दिन मुझे उसकी बीवी की चूत मारने का मौका मिल गया। कैसे? दोस्तो, मेरा नाम रोनित है और मैं राजस्थान के जयपुर शहर का रहने वाला हूं। आज मैं आपको अपने साथ घटी एक खूबसूरत घटना My Friend Wife Hot Kahani के रूप में बताना चाहता हूं। कॉलेज खत्म होने के बाद मेरी नौकरी एक कंपनी में लग गई। मैं बहुत खुश था और रोज़ काम पर जाने लगा था। मुझे काम पर जाते हुए लगभग 3 महीने हो चुके थे। इन दिनों में मेरी दोस्ती मेरे सीनियर राहुल के साथ हो गई। हम दोनों काफी अच्छे दोस्त बन गए थे और मैं और राहुल जॉब में लगभग हर समय साथ साथ रहते थे। मैं उसके घर भी आने जाने लगा था। राहुल अपनी बीवी वर्षा के साथ रहता था। मेरी और वर्षा की भी ठीक-ठाक बातें होती थीं। फिर जो एक दिन हुआ वो मैंने कभी सोचा नहीं था। एक दिन रविवार को वो और मैं बाहर घूम रहे थे। उसने बताया कि उसको एक समस्या है और उसको इसमें मेरी मदद चाहिए। मैंने सोचा कि शायद उसको पैसे वगैरह की जरूरत होगी। लेकिन उसने कुछ और ही समस्या बताई। वो बोला कि उसको शुगर की समस्या है। मैंने उससे कहा क...